*श्रावणी मेला के तीसरी सोमवारी को विश्व प्रसिद्ध तीर्थस्थल बासुकीनाथ में उमड़ा श्रद्धालुओं का महासैलाब*
*बासुकीनाथ(दुमका)*
राजकीय श्रावणी मेला महोत्सव 2025 के तीसरी सोमवारी को विश्वप्रसिद्ध शिवनगरी बासुकिनाथ के फौजदारी दरबार में देश विदेश से आये हजारों श्रद्धालुओं का महासैलाब उमड़ पड़ा। तीसरी सोमवारी को उमड़ने वाले श्रद्धालुओं की भारी भीड़ को नियंत्रित कर सुगम तरीके से पूजा अर्चना कराने को लेकर मेला प्रशासन के पदाधिकारियों ने रविवार को ही सारी तैयारियां कर ली थी। तीसरे सोमवारी को सम्पूर्ण मेला क्षेत्र में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ दिख रही है। मेला क्षेत्र में चप्पे चप्पे पर पुलिस एवं दंडाधिकारियों की टीम मौजुद है ।
बाबा मंदिर के चारों ओर श्रद्धा, भक्ति और आस्था की लहर हिलौरे मार रही है| शिवगंगा घाट, बासुकिनाथ मंदिर के सिंह द्वार से मुख्य बाजार, चुड़ी गली,नागनाथ चौक में आगंतुक श्रद्धालुओं की भारी भीड़ है। सावन के तीसरी सोमवारी को भागलपुर के बरारी गंगा घाट से बासुकिनाथ आ रहे सैकड़ों डाक कांवरियों की भीड़ भी देखने लायक है। डाक कांवरियों की आस्था और भक्ति बाबा बासुकिनाथ के प्रति अटूट है।
सुबह से डाक कांवरियों का आना जारी है। भागलपुर से हंसडीहा, नोनीहाट के रास्ते बासुकिनाथ मंदिर तक आने वाले डाक कांवरियों में अधिकतर हंसडीहा,रामगढ़, पोड़ैयाहाट, जामा, सरैयाहाट एवं जरमुंडी के श्रद्धालुओं की संख्या अधिक है। ज्ञातव्य हो कि भागलपुर से बासुकिनाथ मंदिर की दूरी लगभग 105 किमी है। डाक कांवरियों में अधिकतर युवावर्ग की संख्या अधिक है। सभी डाक कांवरियों को पेड़ा गली के पास बने उत्तरी गेट के पास डाक कांवरिया प्रवेश द्वार से बाबा मंदिर में प्रवेश की सुविधा दिया गया है।
जहां ड्यूटी पर तैनात पुलिसकर्मियों द्वारा डाक बम का प्रवेश पत्र की जांच होने के बाद ही मंदिर परिसर में प्रवेश कराया जा रहा है। भागलपुर से बासुकिनाथ आने वाले सभी डाक कांवरियों की जांच हंसडीहा स्थित प्रशासनिक शिविर में तैनात पदाधिकारियों द्वारा करने के बाद ही बासुकिनाथ मंदिर में जलार्पण करने का पास दिया जाता है। कही से कोई फर्जी डाक कांवरिया हंसडीहा शिविर में पास नहीं ले सकता है। तीसरी सोमवारी को जिला प्रशासन के सभी पदाधिकारी विधि व्यवस्था को लेकर एक्टिव मोड में है।
