*तेली समाज के प्रदेश अध्यक्ष अरुण साह ने भाजपा प्रदेश अध्यक्ष बाबूलाल मरांडी से की जारी सूची पर पुनर्विचार की मांग*
*कहा- टिकट बंटवारे में तेली समाज को नहीं दी गई अहमियत, प्रदेश अध्यक्ष से की संथाल परगना से दो सीटों की मांग*
*महागामा(गोड्डा)*
*ठाकुर गंगटी संवाददाता*
तेली समाज के प्रदेश अध्यक्ष अरुण साह ने सोमवार को महागामा में समाज के लोगों को संबोधित करते हुए कहा कि झारखंड राज्य के विभिन्न विधानसभा के लिए भाजपा ने प्रत्याशी की घोषणा कर दी है, जिसमें तेली समाज के योग्य प्रत्याशी को भी दरकिनार कर दिया गया।जिससे आहत होकर तेली समाज ने विभिन्न विधानसभा क्षेत्र में भाजपा प्रत्याशी का विरोध करते हुए भाजपा प्रदेश अध्यक्ष बाबूलाल मरांडी को प्रत्याशी बदलने हेतु पुनर्विचार की मांग की।
इन्होंने कहा कि देश में भारतीय जनता पार्टी की स्थापना 1980 में हुई है, तब से हमारे समाज ने भारतीय जनता पार्टी को 99 प्रतिशत वोटिंग की है। वोटिंग करने के बाद भी आज तक हमलोगों को राजनीति से दरकिनार कर रखा गया है। जिसका नतीजा यह है कि पूरे झारखंड प्रदेश में एक भी प्रदेश कमेटी में हमारे समाज के लोग नहीं है और ना ही 24 जिला में एक भी जिला अध्यक्ष है और ना ही गोड्डा में 19 मंडल में एक भी मंडल अध्यक्ष तेली समाज से है।
जिसको लेकर हमलोग तेली समाज गोल बंद होकर इस बार निर्दलीय उम्मीदवार के रूप में हर विधानसभा में उम्मीदवार खड़ा करेंगे। अरुण साह ने महागामा विधानसभा क्षेत्र से पूर्व विधायक अशोक कुमार भगत को प्रत्याशी बनाने पर कहा कि जनता ने 2019 विधानसभा चुनाव में ही इनको रिटायरमेंट दे दिया था |इनको गुरु की तरह हम लोगों का मार्गदर्शन करके आगे बढ़ना चाहिए था जिससे सम्मान बना हुआ रहता। इन्होंने महागामा प्रत्याशी अशोक कुमार भगत पर आरोप लगाते हुए कहा कि 2019 में ईसीएल से करीब 6200 लीटर डीजल लेने और अन्य सुविधा लेने को लेकर मुद्दा गरमाया हुआ था।
जिसको लेकर 2019 चुनाव ने जनता ने इनके खिलाफ वोट देकर सत्ता से दरकिनार कर दिया| उन्होंने कहा कि भाजपा को वैश्य समाज से नये चेहरे को टिकट देना चाहिए था| अशोक भगत को उम्मीदवार बनाने पर भाजपा के कई नेता विरोध कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि संथाल परगना में दो सीट हमें चाहिए। उन्होंने कहा कि सीता सोरेन को जामताड़ा से टिकट देने को लेकर हम सभी आश्चर्यचकित है जबकि वहां अन्य स्थानीय प्रबल दावेदार मजबूत स्थिति में थे।
कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी कहते हैं कि जिनकी संख्या जितनी अधिक उसकी हिस्सेदारी उतनी ही होनी चाहिए।मौके पर भूषण साह, दिलीप साह, गोपाल साह, विकास साह, शंभू साह, सीताराम साह, हीरालाल साह, रूपेंद्र साह, अनुपम साह, तारिणी साह, शेखर साह, सोनू साह, मेघनाथ साह, अर्जुन साह सहित दर्जनों तेली समाज के कार्यकर्ता मौजूद थे।
